जब ज़िन्दगी किसी के हाथ में दी जाये,
तो बेहतर है उसकी ज़ेरोक्स करा ली जाये,
क्या पता! उससे गुम हो जाये तो ?
तो बेहतर है उसकी ज़ेरोक्स करा ली जाये,
क्या पता! उससे गुम हो जाये तो ?
मैंने दी है अपनी ज़िन्दगी,
एक नहीं-कई बार,
भरोसेमंद हाथों में,
जो हर बार गुमी,
और अब मेरे पास,
सिर्फ मेरी ज़िन्दगी का ज़ेरोक्स है!
वाह!! क्या बात है..नोटराईज़ करा लो!!!