ख़राबज़ादा
पता नहीं मुझे बिगाड़ा किसने ख़ुदने या फिर तुमसे इश्क़ ने
नज़्मों का घर
पता नहीं मुझे बिगाड़ा किसने ख़ुदने या फिर तुमसे इश्क़ ने
हमेशा अच्छा लगे ये ज़रूरी नही इश्क़ में थोड़ा बुरा भी लगना चाहिए
रम को हम से अच्छा कोई नहीं जानता, हमको हमसे अच्छा कोई नहीं जानता।
मुझसे नाराज़ रहती है और बात भी करना चाहती है कैसी पागल लड़की है इश्क़ … Read more
ख़तरनाक लत समझते हैं? सुबह उठते ही बासे मुँह सबसे पहले उसे मुँह लगाना, फिर … Read more