Intensity

इस मर्तबा दिल ही नहीं भरोसा भी टूटा है इस मर्तबा दर्द भी ज़्यादा है … Read more

रम से हम तक

रम को हम से अच्छा कोई नहीं जानता, हमको हमसे अच्छा कोई नहीं जानता।

अवशेष

इश्क़ के इतने किस्सों में भी हम पीछे ही रह गए इश्क़ आया हिस्सों में … Read more

आख़िरी दफ़ा

याद का क्या है, आते-आते जायेगी ये तुम्हारी आदत, जाते-जाते जायेगी

कच्चे रिश्ते

मिट्टी के बर्तन में दरार तो साफ़ दिखती है लेकिन वो आयी किस तरफ़ से … Read more

क्यूँ का जवाब

मोहब्बत में जब कोई बदल जाता है उसका सच भी झूठ में बदल जाता है … Read more

आख़िरी बात

दिल लगाकर वो मुझसे से क्या लेकर जायेंगे कुछ बातें कुछ राज़ कुछ इश्क़ लेकर … Read more

यथार्थ

इश्क़ में यूँ भी कभी होता है जब इश्क़ इश्क़ जैसा नहीं लगता जब चाँद … Read more